हर दिन सीखें कुछ नया — हर दिन मनाएं ज्ञान का “Happy New Year”! 🎉 जैसे नया साल नई उम्मीदों और नई शुरुआत का प्रतीक होता है वैसे ही हमारा मानना है कि हर दिन सीखने के लिए एक नया अवसर होता है।
सेल्यूलोज क्या है?
सेल्यूलोज एक जटिल कार्बोहाइड्रेट है जिसे पॉलीसैकराइड कहा जाता है। यह अनेक ग्लूकोज़ अणुओं से मिलकर बना होता है जो β-ग्लूकोज़ इकाइयों के बीच β-1,4 ग्लाइकोसिडिक बंध द्वारा जुड़े होते हैं। इसकी यही संरचना इसे अत्यंत मजबूत और स्थायी बनाती है।
सेल्यूलोज का प्राकृतिक स्रोत
सेल्यूलोज मुख्यतः हरे पौधों में पाया जाता है। इसके प्रमुख स्रोत हैं:
- लकड़ी
- कपास (लगभग 90% सेल्यूलोज)
- घास
- अनाज के छिलके
- पत्तियाँ और तने
पृथ्वी पर पाए जाने वाले अधिकांश पौधों के ऊतकों में सेल्यूलोज किसी न किसी रूप में उपस्थित होता है इसलिए इसे सबसे प्रचुर कार्बनिक यौगिक माना जाता है।
जैविक महत्व
सेल्यूलोज पौधों को आकार, मजबूती और सुरक्षा प्रदान करता है। यह पौधों की कोशिकाओं को टूटने से बचाता है और उन्हें खड़ा रहने में सहायक होता है।
मनुष्य और अधिकांश जानवर सेल्यूलोज को पचा नहीं सकते क्योंकि उनके शरीर में इसे तोड़ने वाला एंजाइम सेल्युलेज़ नहीं होता। हालाँकि, गाय, भैंस जैसे शाकाहारी जंतु अपने पाचन तंत्र में उपस्थित सूक्ष्मजीवों की सहायता से सेल्यूलोज का पाचन कर लेते हैं।
औद्योगिक एवं व्यावहारिक उपयोग
सेल्यूलोज का उपयोग मानव जीवन में अनेक रूपों में किया जाता है:
- कागज़ और गत्ता निर्माण
- कपड़ा उद्योग (कपास, रेयॉन)
- औषधि उद्योग में कैप्सूल
- खाद्य उद्योग में फाइबर के रूप में
- बायोफ्यूल और जैव-अपघटनीय पदार्थों के निर्माण में
